यूपी में दिल दहला देने वाली घटना, आत्महत्या से पहले नैना ने की थी आखिरी कॉल
यूपी के कानपुर जिले से झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहां पति के वियोग में शुक्रवार सुबह एक महिला 60 फीट ऊंची पानी की टंकी में चढ़ गई। महिला को टंकी पर चढ़ा देख नीचे लोगों की भीड़ लग गई। महिला को बचाने के बजाय लोग मोबाइल से वीडियो बनाने में व्यस्त रहे।
कुछ ही देर में महिला ने छलांग लगा दी। घायल अस्पताल में महिला को अस्पताल ले जाया गया। दोपहर में अस्पताल में भर्ती महिला ने दम तोड़ दिया। परिजनों के मुताबिक, दो माह पहले पति की मौत होने के बाद से वह अवसाद में रहती थी।
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना काकादेव थाना क्षेत्र के शास्त्रीनगर की है। विजयनगर के अंबेडकरनगर निवासी नैना (25) ने आठ साल पहले शुभम से प्रेम विवाह किया था। उनकी पांच साल की बेटी है।
दो माह पहले शुभम की बीमारी से मौत हो गई थी। शुभम की मां गीता देवी ने बताया कि बहू सुबह करीब छह बजे घर से निकली थी। थोड़ी देर बाद उसने अपनी ननद सोनम को घर में फोन कर बताया कि मैं जान देने जा रही हूं।
60 फीट ऊंची टंकी की रेलिंग पकड़कर नैना लटकी दिखी
ननद ने सबको जानकारी दी तो आनन फानन पड़ोसियों संग उसकी तलाश शुरू की। सूचना देकर झकरकटी से नैना की मां राधा को भी बुला लिया। वह लोग उसे तलाशते हुए शास्त्रीनगर ऊंचा पार्क पहुंचे जहां करीब 60 फीट ऊंची टंकी की रेलिंग पकड़कर नैना लटकी दिखाई दी।
इलाज के दौरान महिला की मौत
नीचे भारी भीड़ जुटी थी। इस बीच वह सड़क पर आ गिरी। सूचना पर पहुंची पुलिस उसे लहूलुहान अवस्था में हैलट ले गई। वहां दोपहर में उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई।
काकादेव इंस्पेक्टर मनोज सिंह भदौरिया ने बताया कि परिजनों के अनुसार महिला पति की मौत के बाद से परेशान चल रही थी। इसके चलते ही उसने आत्महत्या जैसा कदम उठाया है। प्रत्यक्षदर्शी कुछ लोगों का कहना है कि फायर ब्रिगेड और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची थी। टीम के पास जाल नहीं था।
ननद को किया आखिरी कॉल
नैना ने ननद सोनम से फोन पर आखिरी बार कहा कि मेरी बेटी शिवांशी का तुम लोग ख्याल रखना, मैं जान देने जा रही हूं, पति के बिना इस दुनिया में जीने का क्या फायदा है।
नींद की गोलियां खाकर किया था जान देने का प्रयास
सास गीता के मुताबिक, बेटे से बहू बहुत प्यार करती थी। उसके जाने के बाद से उदास रहने लगी थी। अक्सर मोबाइल पर उसके साथ की फोटो और वीडियो देखती रहती थी। दो दिन पहले भी उसने जान देने की कोशिश की थी। तब उसने काफी संख्या में नींद की गोलियां खा ली थी। हालांकि अस्पताल में इलाज के बाद स्वस्थ हो गई थी।

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