निगम कर्मचारियों का फूटा गुस्सा: वेतन के लिए सड़क पर उतरे कर्मचारी
भिलाई | नगर निगम एक ओर जहां पिछले एक वर्ष में 104 करोड़ रुपये टैक्स वसूली का दावा कर रहा है, वहीं दूसरी ओर अपने ही नियमित कर्मचारियों को समय पर वेतन देने में असफल नजर आ रहा है. निगम के लगभग 350 नियमित कर्मचारियों को हर महीने करीब 3 करोड़ रुपये वेतन दिया जाता है, लेकिन अप्रैल की 15 तारीख बीत जाने के बाद भी उन्हें मार्च माह का वेतन नहीं मिला है. इससे कर्मचारियों में भारी नाराजगी देखी जा रही है.
भिलाई नगर निगम के कर्मचारियों को नहीं मिली सैलरी
बता दें कि कर्मचारियों को हर महीने 1 से 3 तारीख के बीच वेतन मिल जाना चाहिए, लेकिन इस बार देरी ने उनकी आर्थिक स्थिति पर असर डाल दिया है. कर्मचारियों का कहना है कि वे स्कूल फीस, ईएमआई और अन्य जरूरी खर्च समय पर नहीं चुका पा रहे हैं. इस मुद्दे को लेकर निगम के नेता प्रतिपक्ष भोजराज सिंह के नेतृत्व में भाजपा पार्षदों और कार्यकर्ताओं ने निगम कार्यालय के सामने धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है.
निगम प्रशासन के खिलाफ कर्मचारियों का प्रदर्शन
वहीं भोजराज सिंह ने आरोप लगाया कि निगम प्रशासन कर्मचारियों के वेतन भुगतान में लापरवाही बरत रहा है. उन्होंने बताया कि कमिश्नर से 48 घंटे के भीतर वेतन भुगतान की मांग की गई थी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि 13 अप्रैल को एक अर्बन एजेंसी को 8 करोड़ रुपये का भुगतान कर दिया गया, जबकि कर्मचारियों का वेतन रोका गया है. इसे उन्होंने भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी से जोड़ते हुए गंभीर सवाल खड़े किए हैं.वहीं कर्मचारी शशि भूषण ने बताया कि फंड की कमी का हवाला देकर वेतन रोका जा रहा है. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दो-तीन दिन में वेतन नहीं मिला, तो कर्मचारी आंदोलन के लिए बाध्य होंगे.

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