बीजेपी केंद्र सरकार की एजेंसियों के ज़रिए डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे का फोन टेप कर रही - संजय राउत
मुंबई । शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने सामना अखबार में लिखे अपने स्तंभ के जरिए आरोप लगाया है कि बीजेपी केंद्र सरकार की एजेंसियों के ज़रिए डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे का फोन टेप कर रही हैं। राउत ने यह दावा शिंदे सेना के एक अनाम विधायक के हवाले से किया, जिनसे उनकी बातचीत एक फ्लाइट यात्रा के दौरान हुई थी।
महाराष्ट्र में सत्ताधारी नेताओं पर फोन टेपिंग के आरोप कोई नई बात नहीं है। इस सदी की शुरुआत में, महाराष्ट्र के तत्कालीन गृह मंत्री छगन भुजबल को भी इसी तरह के आरोपों का सामना करना पड़ा था। बहुचर्चित तेलगी स्कैम का खुलासा करने वाले पत्रकार संजय सिंह ने अपनी किताब में आरोप लगाया है कि मुंबई पुलिस के कुछ भ्रष्ट अधिकारी अपने राजनीतिक आकाओं के इशारे पर उनकी फोन कॉल्स इंटरसेप्ट कर रहे थे। भुजबल का नाम इस विवाद में घिर गया था। सिंह ने दावा किया कि घोटाले की जांच में बाधा डालने के लिए उनकी कॉल्स को सुना जाने लगा।
महा विकास आघाड़ी सरकार के कार्यकाल में, जब उद्धव ठाकरे मुख्यमंत्री थे, तब एक फोन टैपिंग कांड सामने आया था। आरोप लगा कि देवेंद्र फडणवीस के पहले मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान, राज्य खुफिया विभाग (SID) ने गैरकानूनी तरीके से कई नेताओं के फोन टैप किए थे। इनमें संजय राउत, महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले और एनसीपी नेता एकनाथ खड़से शामिल थे, जो उस समय विपक्ष में थे। दावा किया गया कि राउत का फोन 60 दिनों तक इंटरसेप्ट किया गया, जबकि खड़से का फोन 67 दिनों तक निगरानी में था।

मध्यप्रदेश को सामाजिक न्याय के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने के लिये करें समन्वित प्रयास : मंत्री कुशवाह
लेमनग्रास -किसानों के लिए कम पानी में ज्यादा कमाई का साधन
चेकडैम बना ग्रामीण आत्मनिर्भरता का मजबूत आधार, जल संरक्षण से बदली खेती की तस्वीर
कौशल और सामाजिक उद्यमिता से होगा भारत विकसित : राज्यपाल पटेल
द्वारका नगरी योजना से शहरी विकास को मिलेगी नई गति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ से बदली तस्वीर
3147 करोड़ के मेगा प्रोजेक्ट का काम शुरु
वर्षा जल संरक्षण में प्रदेश का जनजातीय जिला डिंडोरी देश में प्रथम स्थान पर
चुनावी माहौल गरमाया: विवादित बयान पर खरगे घिरे, EC सख्त
किसानों को ग्रामीण क्षेत्र की कृषि भूमि के भूअर्जन पर मिलेगा बाजार दर का 4 गुना मुआवजा